जीएसटी की स्कैप और फर्जी फर्मों पर कार्रवाई
- ढेढ़ सौ फर्मों पर छापा, 45 फर्मों पर मुकदमा
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस कानपुर। राज्य वस्तु एवं सेवा कर विभाग ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में स्क्रैप और फर्जी फर्मों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। कानपुर जोन में 150 फर्मों पर छापा मारकर 65 करोड़ रुपये का इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) रिवर्स कराया गया है। विभाग ने कुल 146 करोड़ रुपये की कर चोरी पकड़ी है। यह कार्रवाई मुख्य रूप से धातु और प्लास्टिक स्क्रैप में जीएसटी चोरी रोकने के लिए की गई। विशेष अनुसंधान इकाई (एसआईबी) ने जांच के बाद संबंधित खंडों को कर निर्धारण और अर्थदंड की कार्रवाई के लिए रिपोर्ट भेजी है। इसके साथ ही 44 करोड़ रुपये का इनपुट टैक्स क्रेडिट ब्लॉक किया गया है। केंद्रीय क्षेत्राधिकार की 450 फर्मों का पंजीकरण रद्द करने की सिफारिश भी केंद्रीय वस्तु एवं सेवा कर अधिकारियों को भेजी गई है। स्क्रैप सिंडिकेट पर नकेल कसने के लिए सचल दल ने भी कार्रवाई की है। फर्जी दस्तावेज या बिना ई-वे बिल के चल रहे 852 वाहनों को जब्त किया गया है। इनसे 12 करोड़ रुपये अर्थदंड वसूला गया। विभाग 3200 करोड़ रुपये के संदिग्ध लेनदेन का डेटा विश्लेषण कर रहा है और कई फर्मों को जांच के दायरे में लिया गया है। इसके साथ 45 स्क्रैप फर्मों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर पुलिस कार्रवाई जारी है।