अग्नि सुरक्षा और बचाव जागरूकता के दूसरे दिन हुआ होटल संचालकों का प्रशिक्षण
- अग्निकांड की स्थिति में शुरुआती कुछ मिनट अत्यंत महत्वपूर्ण होते हैं
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस कानपुर। कमिश्नरेट में जनसुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए पुलिस आयुक्त रघुबीर लाल के निर्देशन में 26 से 28 जून तक आयोजित तीन दिवसीय "अग्नि सुरक्षा एवं बचाव जागरूकता एवं प्रशिक्षण अभियान" के दूसरे दिन शनिवार को पुलिस कार्यालय सभागार में होटल संचालकों और व्यवस्थापकों का प्रशिक्षण और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया। कार्यक्रम का समन्वय नोडल अधिकारी अपर पुलिस उपायुक्त महेश कुमार ने किया। प्रशिक्षण कार्यक्रम में होटल संचालकों को अग्नि सुरक्षा पर आग लगने की स्थिति में प्रारम्भिक स्तर पर प्रभावी एवं सुरक्षित ढंग से नियंत्रण करने के उपाय बताए गए। विशेषज्ञों ने विभिन्न प्रकार के फायर एक्सटिंग्विशर के सही एवं सुरक्षित उपयोग का व्यावहारिक प्रदर्शन किया। आग बुझाने की विभिन्न तकनीकों की जानकारी दी गई। इसके अतिरिक्त आग की घटना में किसी व्यक्ति के झुलसने या घायल होने की स्थिति में प्राथमिक उपचार के तरीकों की जानकारी दी गई, ताकि आपातकालीन स्थिति में समय रहते प्रभावी सहायता उपलब्ध कराई जा सके। प्रशिक्षण के दौरान विशेषज्ञों ने बताया कि किसी भी अग्निकांड की स्थिति में शुरुआती कुछ मिनट अत्यंत महत्वपूर्ण होते हैं। यदि संबंधित व्यक्ति प्रशिक्षित एवं सतर्क हों तो जनहानि एवं संपत्ति की क्षति को काफी हद तक कम किया जा सकता है। होटल परिसरों में अग्निशमन उपकरणों का नियमित रखरखाव, विद्युत सुरक्षा मानकों का पालन तथा कर्मचारियों का समय-समय पर प्रशिक्षण सुनिश्चित करने पर भी बल दिया गया। कार्यक्रम में होटल संचालकों सहित कुल 250 प्रतिभागियों ने सहभागिता की। इस अवसर पर मुख्य अग्निशमन अधिकारी दीपक शर्मा (फायर सर्विस), अपर पुलिस उपायुक्त (अभिसूचना), फायर सर्विस, सिविल डिफेंस एवं केस्को के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।