मूर्ति विसर्जन में सिरफुटव्वल एक युवक बुरी तरह ज़ख़्मी |
जिला संवाददाता सुनील कुमार धुरिया
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस हमीरपुर l सदर कोतवाली क्षेत्र के चूरामन का डेरा में शनिवार की शाम को मूर्ति विसर्जन के दौरान शराब के नशे में दो गुटों में जमकर मारपीट हुई। इस दौरान एक युवक को गंभीर चोटे आई।झगड़ा पुरानी रंजिश की वजह बताया जा रहा है। मारपीट का वीडियो भी सोशल मीडिया में वायरल हो रहा है। जिसका दैनिक समाचार पत्र पुष्टि नहीं करता है। घायल युवक ने थाने में चार लोगों के खिलाफ तहरीर दी है। शनिवार की शाम को केसरिया का डेरा में मूर्ति विसर्जन का जुलूस निकाला जा रहा था। इस दौरान शराब के नशे में दो गुटों के बीच विवाद के बाद मारपीट शुरू हो गई। दोनों ओर से जमकर एक दूसरे को पहले लात घुसो और डंडों से पीटा गया। फिर भीड़ में कुछ लोग तलवार और फरसा भी लहराते हुए मारपीट में कूद पड़े। इस पिटाई में भोला का डेरा निवासी 22 वर्षीय अजीत नाम का युवक का सिर फट गया। वायरल वीडियो में युवक लहूलुहान हालत में दिख रहा है, जिसे बाद में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना के पीछे पुरानी रंजिश की वजह बताया जा रहा है। उधर घायल युवक ने थाने में चार लोगों के खिलाफ तहरीर दी है।पुलिस मामले की जांच कर रही है। इस मौके पर कोतवाली प्रभारी निरीक्षक पवन कुमार पटेल ने बताया कि समय लगभग शाम पांच बजे वादी अजीत निषाद पुत्र शिवशंकर निवासी मोहल्ला भोला का डेरा सदर कोतवाली मूर्ति विसर्जन हेतु चूरामन डेरा के पास गए थे। उसी दौरान विपक्षीगण उमेश निषाद पुत्र दीपक,अनुज निषाद पुत्र रमाकांत,आशीष निषाद पुत्र हरपाल एवं मनीष निषाद पुत्र हरपाल निवासीगण ग्राम केसरिया का डेरा सदर कोतवाली अत्यधिक शराब के नशे में होकर वादी के साथ अभद्र व्यवहार करते हुए गाली-गलौज करने लगे तथा मारपीट कर जान से मारने की धमकी दी। उन्होंने आगे बताया कि
वादी अजीत निषाद पुत्र शिवशंकर से प्राप्त तहरीर के आधार पर सदर कोतवाली में द्वारा धारा 115(2)/351(2)/352 भारतीय न्याय संहिता के अंतर्गत उपरोक्त नामजद आरोपियों के विरुद्ध अभियोग पंजीकृत किया गया है। वादी का चिकित्सीय परीक्षण कराकर उपचार कराया गया, जिसमें चिकित्सकों द्वारा साधारण चोटें होना बताया गया तथा यह भी स्पष्ट किया गया है कि वादी के शरीर पर किसी प्रकार के धारदार हथियार से चोट के निशान नहीं पाए गए। आरोपियों की तलाश की जा रही है तथा प्रकरण में विवेचनात्मक कार्यवाही प्रचलित है।